ओडिशा के कोरापुट के एक गरीब प्रवासी श्रमिक समुला पांगी ने अपनी पत्नी का शव अपने कंधे पर लेकर कई किलोमीटर तक पैदल यात्रा की.बता दें कि आंध्र प्रदेश के एक अस्पताल से लौटते समय ऑटोरिक्शा में उसकी पत्नी की मृत्यु हो गई.
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने ओडिशा के मुख्य सचिव से कोरापुट के एक प्रवासी मजदूर के अपनी पत्नी का शव कंधे पर रखकर मीलों पैदल चलने के मामले में कार्रवाई रिपोर्ट (एटीआर) मांगी है. एनएचआरसी ने मुख्य सचिव को नोटिस मिलने के चार सप्ताह के भीतर एटीआर जमा करने को कहा है. आयोग ने कार्यकर्ता-सह-अधिवक्ता राधाकांत त्रिपाठी की याचिका पर नोटिस जारी किया. त्रिपाठी ने अपनी याचिका में प्रवासी श्रमिकों की दुर्दशा पर प्रकाश डाला है.
यह आरोप लगाया गया है कि आठ फरवरी को कोरापुट के एक गरीब प्रवासी श्रमिक समुला पांगी ने अपनी पत्नी का शव अपने कंधे पर लेकर उस वक्त कई किलोमीटर तक पैदल यात्रा की, जब पड़ोसी आंध्र प्रदेश के एक अस्पताल से लौटते समय एक ऑटोरिक्शा में पत्नी की मृत्यु हो गई.
बीच सड़क ऑटो में से उतारा
दरअसल ओडिशा के कोरापुट जिले के रहने वाले इस व्यक्ति के पत्नी इडे की तबियत बहुत खराब हो गई थी. इलाज के लिए आंध्र प्रदेश के विशाखापत्तनम में एक निजी अस्पताल ले आया था, जहां डॉक्टरों ने कहा कि उन्हें बचाना मुश्किल है. अस्पताल से वह अपनी बीमार पत्नी को लेकर ऑटो रिक्शा में विजयनगरम की तरफ आ रहा था. लेकिन चेलुरु रिंग रोड के करीब आते ही उनकी पत्नी ने दम तोड़ दिया. उसके बाद ऑटो रिक्शा चालक ने उनको वाहन से नीचे उतार कर चला गया.
पत्नी के शव को कंधे पर लेकर चला पैदल
वहीं ऐसे बीच राह पर छोड़ कर चले जाने के बाद वह अपनी पत्नी के शव को कंधे पर लेकर पैदल चलने लगा. इस दौरान गंटयाडा पुलिस ने देखा और विजयनगरम रूरल इंस्पेक्टर को सूचित किया, फिर दोनों के मानवता दिखाते हुए उनके पत्नी के शव को गांव ले जाने के लिए एम्बुलेंस का व्यवस्था किया. विजयनगरम रूरल पुलिस स्टेशन के इंस्पेक्टर तिरुपति राव ने बताया था कि गंटाड़ा पुलिस स्टेशन के सब इंस्पेक्टर के द्वारा एक सूचना मिली कि एक व्यक्ति शव को कंधे में लेकर चेलुरु हाईवे में पैदल चला जा रहा है.
पुलिस ने कराई एंबुलेंस की व्यवस्था
वहीं पुलिस की पूछताछ में मजदूर ने अपनी पत्नी के मौत की बात बताई और अस्पताल के सारे कागजात दिखाया. आंध्र के विजयनगरम रूरल पुलिस को पूछताछ की पता चला कि वह ओडिशा के कोरापुट जिले के पोतंगी का रहने वाला है, उसका नाम सोमुलु है. इस दौरान पुलिस ने उसको खाना खिलवाया, फिर सब-इंस्पेक्टर किरण कुमर के साथ मिलकर एम्बुलेंस का व्यवस्था किया, ताकि वह अपने पत्नी के शव को अपने गांव ले जा सके.






